अफ़्रीका डायरी
गांधी प्रतिदिन अपनी डायरी लिखते थे। अक्सर वह छोटी, दो-चार शब्दों की होती। लेकिन लगभग पाँच दशकों तक लगातार लिखी गयी, और वह सार्वजनिक है। गांधी के आलोचक भी उसी डायरी का संदर्भ देते हैं, और प्रशंसक भी। यह उस मामूली डायरी का हासिल है। देखें उस डायरी के कुछ पन्ने